नागौर कृषि उपज मंडी समिति की ओर से मंगलवार (8 सितंबर) के जारी औसत भावों में प्रमुख कृषि जिंसों में अच्छी कीमतों का रुझान देखने को मिला है। खासतौर पर जीरा, नया मूंग, सौंफ और ईसबगोल किसानों के लिए चर्चा का विषय बने हुए हैं। पिछले कारोबारी दिन की तुलना में बाजार में तेजी का माहौल बना हुआ है। जबकि कुछ जिंसों में भाव सीमित दायरे में बने रहे। इससे पहले सोमवार (7 सितंबर) को भी नागौर मंडी में जीरा-मूंग में तेजी की चर्चा रही थी। मंगलवार को जारी भावों में नया मूंग सबसे अधिक 8,511 रुपए प्रति क्विंटल तक पहुंचा। जबकि इसका औसत भाव 8,300 रुपए रहा। न्यूनतम भाव 8 हजार रुपए दर्ज किया गया। दूसरी ओर पुराने मूंग की कीमतें अपेक्षाकृत नीचे रहीं और इसका अधिकतम भाव 7,400 रुपए तक रहा। जीरा फिर बना मंडी का प्रमुख आकर्षण नागौर मंडी में जीरे ने एक बार फिर मजबूती दिखाई। आज जीरे का न्यूनतम भाव 17,500 रुपए प्रति क्विंटल, औसत 19,500 रुपए और अधिकतम 20,800 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया। पिछले दिनों से जीरे में बनी तेजी के बाद आज भी इसके भाव मजबूत बने रहने से किसानों और व्यापारियों की नजर इस जिंस पर रही। सौंफ और ईसबगोल भी मजबूत स्थिति में मसाला फसलों में सौंफ का भाव 8 हजार से 11,300 रुपए प्रति क्विंटल के बीच रहा और औसत कीमत 10,500 रुपए दर्ज की गई। वहीं ईसबगोल ने भी मजबूती बनाए रखी। इसका न्यूनतम भाव 9,500 रुपए, औसत 12 हजार रुपए और अधिकतम 13 हजार रुपए प्रति क्विंटल रहा। ग्वार, चना और तिल में भी अच्छे भाव ग्वार का भाव 6 हजार से 6,350 रुपए के बीच रहा और औसत 6,200 रुपए दर्ज किया गया। चने में भी स्थिरता देखने को मिली और यह 5,500 से 5,700 रुपए के दायरे में बिका। काला तिल 11,300 रुपए तक पहुंचा, जबकि सफेद तिल का अधिकतम भाव 11,600 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया। इससे तिल उत्पादक किसानों को भी राहत मिली है। अन्य जिंसों का यह रहा बाजार रुझान असालिया का अधिकतम भाव 6 हजार रुपए, दाणा मैथी 6,450 रुपए, सिंधी सुवा 7,500 रुपए और तारामीरा 6,100 रुपए प्रति क्विंटल रहे। ज्वार का अधिकतम भाव 4,500 रुपए प्रति क्विंटल दर्ज किया गया। सरसों (रायड़ा) का भाव भी 7,900 रुपए तक पहुंचा। कल मतदान के कारण मंडी में रहेगा अवकाश मंडी समिति ने किसानों के लिए जरूरी सूचना जारी करते हुए बताया है कि 9 सितंबर, बुधवार को मतदान दिवस होने के कारण कृषि मंडी परिसर में अवकाश रहेगा और नीलामी नहीं होगी। किसानों से अपील की गई है कि अवकाश के दिन अपनी कृषि उपज मंडी परिसर में लेकर नहीं आएं, ताकि उन्हें अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़े। कृषि मंडी में नियमित रूप से नीलामी का कार्य 10 सितंबर, गुरुवार से फिर शुरू होगा।