सवाई माधोपुर|जिला मुख्यालय के महावीर भवन में व्याख्यानी यशवन्त मुनि, सुभाष मुनि, अशोक मुनि विराज रहे हैं। इस दौरान धर्मसभा में जैन मुनियों ने विस्तार से मोक्ष के मार्ग पर व्याख्यान दिया। व्याख्यानी यशवन्त मुनि ने कहा कि सम्यक ज्ञान दर्शन चारित्र, तप-मोक्ष का मार्ग है। धर्म स्थान पर आने वालों के मन में प्रसन्नता का भाव रहना चाहिए। ज्ञानी सभी जगह सुगन्ध फैलाता है। अशोक मुनि ने कहा कि साधक की स्वयं की प्रज्ञा ही धर्म की समीक्षा कर सकती है। अखिल भारतीय श्री जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ राष्ट्रीय अध्यक्ष आनन्द चौपडा ने कहा कि आगम, आचार्य, आज्ञा, आस्था, आचरण के आधार से संघ चलता है। इस अवसर पर नगर क्षेत्र जैन रत्न हितैषी श्रावक संघ,श्राविका मण्डल, युवक परिषद, युवती मण्डल पदाधिकारियों, सक्रिय सदस्यों की संघ विकास को लेकर बैठक हुई। बैठक में राष्ट्रीय महामंत्री सुभाष गुंदेचा, विवेक लोढा, अमित मुणोत, क्षेत्रीय प्रधान मनोज जैन, प्रमोद लोढ़ा, सुमन सिंघवी, शकुन्तला हीरावत, कार्यकारी अध्यक्ष मनीषा गुन्देचा, क्षेत्रीय प्रधान श्रेया जैन, श्वेता जैन, संजू जैन, डिम्पल जैन, रजनी जैन, समता जैन, पिंकी जैन, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष चातुर्मास कुशल जैन, बाबूलाल जैन समिधि धर्मेन्द्र जैन देवली, मनीष जैन, ऋषभ जैन आदि ने भाग लिया। शाखा अध्यक्ष हेमेन्द्र जैन ने आभार प्रकट किया। शाखा मंत्री मुकेश कुमार जैन ने अतिथियों का स्वागत किया। श्राविका मण्डल सदस्यों की ओर से "जय जिनवाणी बोलो धर्म के द्वार खोलो" गीतिका की सामूहिक प्रस्तुति दी गई।