श्रीगंगानगर जिले में ग्रामीण परिवारों को प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत मिलने वाले आवास के लिए अभी इंतजार करना पड़ेगा। जिले में योजना के तहत 60,719 परिवार पात्र सूची में शामिल हैं, जबकि नए फेज में आवास देने का लक्ष्य महज 5,467 ही तय किया गया है। यानी पात्र परिवारों की संख्या लक्ष्य से करीब 11 गुना ज्यादा है। इनमें 40,620 परिवार मुख्य सूची और 20,099 परिवार प्रपत्र-बी में दर्ज हैं। ऐसे में सूची में शामिल बड़ी संख्या को इस चरण में स्वीकृति का इंतजार करना पड़ सकता है। इधर, पंचायती राज विभाग ने 5467 परिवारों को 10 सितंबर तक स्वीकृतियां जारी कर चुनाव आचार संहिता लागू होने से पहले लाभार्थियों के खातों में पहली किस्त पहुंचाने की तैयारी की है। जिले की पंचायत समितियों में पात्रता सूची का सत्यापन कराया जा रहा है। बीडीओ को लाभार्थियों के नाम, आधार नंबर, बैंक खाता सहित जरूरी विवरणों की जांच कर 8 सितंबर तक रिपोर्ट ऑनलाइन अपडेट करने के निर्देश दिए गए हैं। इसके बाद सॉफ्टवेयर में दर्ज पात्रता के आधार पर आवास स्वीकृत किए जाएंगे। इधर, जिले में पात्र परिवारों की भारी संख्या को देखते हुए आवास लक्ष्य बढ़ाने की मांग उठ रही है। जिला प्रमुख दुलाराम ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर श्रीगंगानगर का लक्ष्य बढ़ाने का आग्रह किया है। जिला प्रमुख का कहना है कि सीमावर्ती जिले में पक्के आवास की जरूरत काफी अधिक है और मौजूदा लक्ष्य ऊंट के मुंह में जीरा के समान है।