अजमेर में नकबजनी के मामले में 5 हजार रुपए का इनामी बदमाश मोहम्मद शरीफ पिछले दो साल से फरार चल रहा था। अजमेर की रामगंज थाना पुलिस ने जयपुर से आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी ने घर से जेवर और सामान चुराया था। फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ में जुट गई है। दरअसल, आरोपी मोहम्मद शरीफ वारदात में मुख्य सरगना की भूमिका में था। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी, लेकिन वह लगातार ठिकाने बदलकर गिरफ्तारी से बच रहा था। पुलिस ने तकनीकी जानकारी और लगातार तलाश के बाद उसे जयपुर में दबोच लिया। थाना प्रभारी हरिपाल सिंह ने बताया कि 15 सितंबर 2024 को पीड़ित फिरोज खान ने रामगंज थाने में रिपोर्ट दी थी कि 12 सितंबर की रात उसके घर में चोरी हुई। चोर घर का सारा सामान अस्त-व्यस्त कर सोने-चांदी के जेवरात और अन्य सामान चोरी कर ले गए थे। रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। दो आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद सामने आया था शरीफ का नाम जांच के दौरान पुलिस ने पहले दो आरोपियों हातीम और आनंद को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में सामने आया कि वारदात में मोहम्मद शरीफ भी शामिल था। इसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की। आरोपी का नाम और फोटो मिलने के बाद पुलिस ने अजमेर सहित आसपास के इलाकों में तलाश की, लेकिन उसका पता नहीं चला। जयपुर में मजदूरी कर रहा था आरोपी पुलिस को जानकारी मिली कि आरोपी जयपुर में रहकर मजदूरी कर रहा है। इसके बाद टीम ने संभावित ठिकानों पर तलाश की और जयपुर के गोविंदम हॉस्टल के पास से उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, आरोपी खानाबदोश प्रवृत्ति का है और लगातार ठिकाने बदल रहा था, जिससे उसकी गिरफ्तारी में देरी हुई। गिरफ्तार आरोपी पूर्व में गंज थाना क्षेत्र के हत्या (मर्डर) के एक मामले में भी शामिल रहा है।