जोधपुर में एक निजी हॉस्पिटल में काम करने वाली महिला स्टाफ ने हॉस्पिटल के मैनेजर और डॉक्टर के खिलाफ थाने में मुकदमा दर्ज करवाया है। उन्होंने मानसिक रूप से प्रताड़ित करने, रात के समय मैसेज भेजने और तंग करने का आरोप लगाया है। जिसके बाद पुलिस ने डॉक्टर के साथ स्टाफ के एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। जानकारी के अनुसार, दोनों के खिलाफ आज (मंगलवार) महिला स्टाफ ने हॉस्पिटल के बाहर विरोध जताया। इसकी सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची। जहां से डॉक्टर और उसके साथी को थाने ले आई। वहीं बाद में हॉस्पिटल की स्टाफ रही लड़कियां भी थाने पहुंची, जहां उन्होंने गलत मैसेज भेजने और दबाव बनाने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दी। विरोध करने पर हॉस्पिटल से निकाला रिपोर्ट में बताया कि हॉस्पिटल के डॉक्टर ने उन्हें मैसेज किए। इसका जवाब नहीं देने पर बदतमीजी भी की। इतना ही नहीं विरोध करने पर उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है। मामले में पुलिस ने डॉक्टर और उसके साथी को शांतिभंग में गिरफ्तार किया है। काम करने के दौरान हैरेसमेंट का भी आरोप थानाधिकारी ने बताया कि हॉस्पिटल में काम करने वाली महिला स्टाफ ने थाने में रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट में आरोप लगाया कि वहां के डॉक्टर उन्हें मैसेज भेजते हैं और काम करने के दौरान हैरेसमेंट करते हैं। इस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दिया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मैसेज क्यों किए गए थे और किस उद्देश्य से किए गए थे।